चंदौली। हाईवे निर्माण कराने वाली कार्यदायी संस्था की घोर लापरवाही से सकलडीहा कस्बे सहित आसपास के ग्रामीण इलाकों में दो दिनों से पेयजल संकट गहरा गया है। सकलडीहा के सघन तिराहे के पास नाला निर्माण के दौरान जल निगम की मुख्य पाइपलाइन क्षतिग्रस्त हो गई, जिससे हजारों की आबादी पानी की एक-एक बूंद के लिए तरस रही है।
​जल जीवन मिशन के तहत इस पाइपलाइन से सकलडीहा कस्बा, नागेपुर, इटवा, तेंदुई, ताजपुर और बलारपुर समेत आधा दर्जन से अधिक गांवों में पीने के पानी की आपूर्ति की जाती है। दो दिन पहले नाला निर्माण के दौरान खुदाई में पाइप टूट गई, लेकिन मरम्मत कराने के बजाय जल निगम और पीडब्ल्यूडी (PWD) विभाग के अधिकारी एक-दूसरे पर जिम्मेदारी डालकर टालमटोल कर रहे हैं।
​स्थानीय निवासियों का आरोप है कि पाइप टूटने से जहां एक ओर पानी का बहाव रुका हुआ है, वहीं कई घरों में नलों से दूषित पानी की आपूर्ति हो रही है। भीषण पेयजल समस्या के कारण दुकानों से लेकर आम घरों की दिनचर्या बुरी तरह प्रभावित हो गई है।
​अधिकारियों की इस बेपरवाही से क्षुब्ध ग्रामीणों और स्थानीय व्यापारियों ने उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है। समाजसेवी रतेंद्र राजभर, अनिल गुप्ता, गोलू पांडेय, बाबूजान, विनोद राजभर, मुन्ना बकाटू, सुभाष और पप्पू सिंह का कहना है कि यदि जल्द से जल्द पाइपलाइन की मरम्मत कराकर जलापूर्ति बहाल नहीं की गई तो वे सड़कों पर उतरने को बाध्य होंगे।