उत्तर प्रदेश के सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों (CHO) ने 9 सूत्रीय मांगों को लेकर CMO चंदौली को ज्ञापन सौंपा। मांगें पूरी न होने पर 28 सितंबर से लखनऊ के इको गार्डन में अनिश्चितकालीन धरने की चेतावनी दी है।
चंदौली । उत्तर प्रदेश के सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों (CHO) ने अपनी लंबित समस्याओं को लेकर शासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। नौ सूत्रीय मांगों के त्वरित निस्तारण के लिए CHO संघ ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) चंदौली के माध्यम से शासन को ज्ञापन सौंपा है। संघ ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि समय रहते उनकी जायज मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, तो प्रदेश भर के स्वास्थ्य अधिकारी 28 सितंबर से राजधानी लखनऊ के इको गार्डन में अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन करेंगे।
संघ के प्रदेश अध्यक्ष सनत सिंह और प्रदेश महामंत्री सत्य प्रकाश मिश्रा ने बताया कि प्रदेश के स्वास्थ्य तंत्र की रीढ़ कहे जाने वाले CHO लंबे समय से अपनी मूलभूत सुविधाओं और सम्मानजनक मानदेय के लिए संघर्ष कर रहे हैं। बार-बार ध्यान आकृष्ट कराने के बावजूद शासन के ढुलमुल रवैये से कर्मियों में गहरा असंतोष व्याप्त है।
जिला अध्यक्ष बृजभूषण वर्मा ने जिले के अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाएं देने वाले CHO आज खुद अनिश्चित भविष्य के साए में काम कर रहे हैं। यदि शासन ने जल्द फैसला नहीं लिया, तो चंदौली समेत पूरे प्रदेश का CHO कैडर 28 सितंबर को लखनऊ में ऐतिहासिक आंदोलन करने को विवश होगा।
ज्ञापन सौंपने के दौरान जिला कार्यकारिणी टीम के वरिष्ठ सदस्य वंश नारायण यादव सहित बड़ी संख्या में सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी उपस्थित रहे। संघ ने प्रदेश के सभी CHO से एकजुट होकर इस अधिकार यात्रा और आंदोलन को सफल बनाने का आह्वान किया है।